HomeBreaking Newsकोरबा में पुरखौती संस्कृति की गूंज, जबर भोजली रैली में उमड़ा जनसैलाब

कोरबा में पुरखौती संस्कृति की गूंज, जबर भोजली रैली में उमड़ा जनसैलाब

महापौर, सभापति सहित छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के प्रदेश पदाधिकारी हुए शामिल, मांदर की थाप पर झूमे माटी पुत्र

छत्तीसगढ़/कोरबा :-  पुरखों की संस्कृति, परंपरा और प्रकृति के प्रति सम्मान का संदेश देते हुए शनिवार को कोरबा के घंटाघर चौक में प्रदेश स्तरीय जबर भोजली रैली एवं महोत्सव का आयोजन किया गया। छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में माताएं-बहनें, युवा और समाज के लोग पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुए। भोजली कलश के साथ निकली रैली में मांदर और पारंपरिक वाद्ययंत्रों की थाप से पूरा क्षेत्र छत्तीसगढ़ी संस्कृति के रंग में रंग गया।   

- Advertisement -

कार्यक्रम में कोरबा नगर निगम की महापौर संजू देवी सिंह राजपूत और सभापति नूतन सिंह ठाकुर शामिल हुए। उन्होंने आयोजन की सराहना करते हुए छत्तीसगढ़ की लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण को आवश्यक बताया। 

रैली एवं महोत्सव में छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के प्रदेश संरक्षक रामगुलाम सिंह ठाकुर, प्रदेश संयोजक दिलीप मिरी, प्रदेश अध्यक्ष धीरेंद्र साहू, प्रदेश प्रभारी मनी कठोत्रे और प्रदेश कार्यकारिणी अध्यक्ष अतुल दास महंत सहित संगठन के अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे। संस्थापक सदस्यों ललित साहू, अनिल धनकर, अविनाश चंद्राकर और विनोद देवांगन की भी उपस्थिति रही।   

झांकियों और लोकनृत्यों ने बांधा समां

महोत्सव में छत्तीसगढ़ महतारी की झांकी के साथ शिक्षा, स्वास्थ्य, किसान और छत्तीसगढ़ी लोक त्योहारों से जुड़े संदेशों पर आधारित झांकियां प्रस्तुत की गईं। कर्मा, सुवा, बस्तरीहा पारंपरिक नृत्य और शिव तांडव की प्रस्तुतियों ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया। पारंपरिक वाद्ययंत्रों और डीजे की धुन पर बड़ी संख्या में युवाओं ने उत्साह के साथ भागीदारी की।

विभिन्न जिलों और खंडों से पहुंचे पदाधिकारी

आयोजन में जांजगीर सहित कोरबा जिले के बालको, पाली, दीपका, कुसमुंडा और शहर कोरबा क्षेत्र से संगठन के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता शामिल हुए। विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे कार्यकर्ताओं ने रैली को व्यवस्थित बनाने में सहयोग किया।

प्रशासन और पुलिस का जताया आभार

कार्यक्रम के समापन पर छत्तीसगढ़िया क्रांति सेना के जिला पदाधिकारियों ने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग के लिए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन का आभार जताया। जिलाध्यक्ष एलेक्जेंडर टोप्पो सहित जिला पदाधिकारियों ने कहा कि जबर भोजली महोत्सव केवल एक रैली नहीं, बल्कि पुरखों की परंपरा, सांस्कृतिक विरासत और धरती के प्रति सम्मान की अभिव्यक्ति है। उन्होंने कार्यक्रम में शामिल माताओं-बहनों, युवाओं, लोक कलाकारों और मीडिया प्रतिनिधियों के प्रति भी आभार व्यक्त किया।

Must Read