HomeBreaking Newsआचार्य बालकृष्ण के जन्मदिवस पर 37 प्रकार के औषधीय पौधों का निःशुल्क...

आचार्य बालकृष्ण के जन्मदिवस पर 37 प्रकार के औषधीय पौधों का निःशुल्क वितरण

छत्तीसगढ़/कोरबा :-  आयुर्वेद शिरोमणि परम पूज्य आचार्य श्री बालकृष्ण के जन्मदिवस को जड़ी-बूटी दिवस के रूप में मनाते हुए मंगलवार को निहारिका रोड स्थित पतंजलि चिकित्सालय श्री शिव औषधालय में औषधीय पौधों के निःशुल्क वितरण का आयोजन किया गया।  कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण एवं आयुर्वेद के प्रचार-प्रसार का संदेश देते हुए लोगों को औषधीय पौधों के उपयोग और उनके स्वास्थ्य लाभों की जानकारी भी दी गई।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि नगर पालिक निगम कोरबा के स्वास्थ्य अधिकारी संजय तिवारी, विशिष्ट अतिथि एसोसिएशन ऑफ इंटरनेशनल लायंस क्लब डिस्ट्रिक्ट 3233 सी के पूर्व प्रशासनिक डिस्ट्रिक्ट कैबिनेट सेक्रेटरी लायन बी.के. सिंह तथा अध्यक्षता पतंजलि योगपीठ हरिद्वार के आजीवन सदस्य एवं नाड़ीवैद्य डॉ. नागेंद्र नारायण शर्मा ने की। श्री शिव औषधालय की संचालिका श्रीमती प्रतिभा शर्मा विशेष रूप से उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता, भगवान धन्वंतरी, स्वामी रामदेव एवं आचार्य बालकृष्ण के चित्रों के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। अतिथियों का स्वागत औषधीय पौधे भेंट कर किया गया।     
अध्यक्षीय उद्बोधन में नाड़ीवैद्य डॉ. नागेंद्र नारायण शर्मा ने गिलोय, नीम, तुलसी, एलोवेरा एवं आंवला को धरती के पाँच अमृत बताते हुए कहा कि इनका नियमित उपयोग स्वास्थ्य संरक्षण में अत्यंत लाभकारी है। मुख्य अतिथि संजय तिवारी ने औषधीय पौधों को धरती पर साक्षात ईश्वर का स्वरूप बताते हुए लोगों से इनके अधिकाधिक उपयोग का आह्वान किया। विशिष्ट अतिथि लायन बी.के. सिंह ने कार्यक्रम को जनोपयोगी बताते हुए इसकी सराहना की।
इस अवसर पर गिलोय, तुलसी, नीम, एलोवेरा, आंवला, ब्राह्मी, सर्पगंधा, शतावर, चिरायता, पारिजात सहित 37 प्रकार के औषधीय पौधों का निःशुल्क वितरण किया गया। डॉ. नागेंद्र नारायण शर्मा ने प्रत्येक पौधे की उपयोग विधि एवं औषधीय गुणों की भी जानकारी दी।     
समारोह में लायंस क्लब कोरबा एवरेस्ट के क्लब डायरेक्टर लायन शिव जायसवाल, सचिव लायन प्रत्युष सक्सेना, कोषाध्यक्ष सुधीर सक्सेना, नेत्रनन्दन साहू, अश्वनी बुनकर, अरुण मानिकपुरी, कमल धारिया, सिद्धराम शाहनी, गुनगुन राठिया, पिंकी बरेठ एवं शैल कुमारी निषाद सहित अनेक लोग उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के समापन से पूर्व आचार्य श्री बालकृष्ण के स्वस्थ, सुखी एवं दीर्घायु जीवन की कामना करते हुए महामृत्युंजय मंत्र का 11 बार सामूहिक जाप किया गया तथा शांति पाठ के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।

Must Read