छत्तीसगढ़/कोरबा :- जिले में लगातार बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने और यातायात व्यवस्था को सुरक्षित एवं सुगम बनाने के उद्देश्य से कलेक्टरकुणाल दुदावत की अध्यक्षता में मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की अहम बैठक आयोजित की गई। बैठक में सड़क दुर्घटनाओं के कारणों, चिन्हित ब्लैक स्पॉट, सड़क निर्माण व मरम्मत की स्थिति तथा जन-जागरूकता अभियानों की गहन समीक्षा की गई। 
कलेक्टर ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि सड़क सुरक्षा में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। दुर्घटनाजन्य स्थानों पर त्वरित और ठोस सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश देते हुए उन्होंने संबंधित विभागों को समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने की सख्त हिदायत दी। 
ब्लैक स्पॉट पर अविलंब सुधार के निर्देश
बैठक में जिले के चिन्हित ब्लैक स्पॉट और दुर्घटना-प्रवण क्षेत्रों की विस्तृत समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने वहां स्पीड ब्रेकर, स्पष्ट साइनेज, रेडियम पट्टियां, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था तथा पेड़-झाड़ियों की छंटाई कर दृष्टि बाधाएं दूर करने के निर्देश दिए। राजकीय राजमार्ग से राष्ट्रीय राजमार्ग में जुड़ने वाले मार्गों पर अनिवार्य रूप से ब्रेकर लगाने के निर्देश भी दिए गए।
सड़क निर्माण में ढिलाई पर सख्ती
राष्ट्रीय राजमार्ग, पीडब्ल्यूडी एवं पीएमजीएसवाई के अंतर्गत चल रहे सड़क निर्माण एवं मरम्मत कार्यों की धीमी प्रगति पर कलेक्टर ने कड़ी नाराजगी जताई।
उन्होंने लोक निर्माण विभाग के कार्यपालन अभियंता को नोटिस जारी करने के निर्देश देते हुए कहा कि टेंडर प्रक्रियाधीन कार्य शीघ्र पूर्ण कर कार्य प्रारंभ कराए जाएं और प्रगतिरत कार्य तय समय-सीमा में हर हाल में पूरे हों।
हाई मास्ट लाइट व सीसीटीवी पर जोर
नगरीय क्षेत्रों में यातायात सुगमता के लिए हाई मास्ट एवं स्ट्रीट लाइट लगाने के निर्देश दिए गए। साथ ही खाद्य अधिकारी को सभी पेट्रोल पंपों में अनिवार्य रूप से सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश दिए गए, जिससे सुरक्षा और निगरानी व्यवस्था को और मजबूत किया जा सके।
स्कूल-कॉलेजों में साप्ताहिक सड़क सुरक्षा अभियान
कलेक्टर ने कहा कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने स्कूल और कॉलेजों में प्रति सप्ताह सड़क सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए। एनसीसी, एनएसएस, स्काउट-गाइड के माध्यम से रंगोली, नुक्कड़ नाटक, क्विज, निबंध प्रतियोगिता जैसी गतिविधियां नियमित रूप से कराने को कहा गया।
ड्राइवरों का नेत्र परीक्षण अनिवार्य
सड़क दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए कलेक्टर ने पूरे वर्ष नेत्र परीक्षण शिविर आयोजित करने के निर्देश दिए।
इन शिविरों में ट्रक, बस, ऑटो, हल्के वाहन चालकों, ड्राइवर संघों के सदस्यों एवं आम नागरिकों की आंखों की जांच प्राथमिकता से कराई जाएगी।
नो-पार्किंग में भारी वाहनों पर प्रतिबंध
यातायात व्यवस्था सुधारने के लिए नो-पार्किंग क्षेत्रों में भारी वाहनों के खड़े होने पर सख्त प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए गए। साथ ही सार्वजनिक उपक्रमों को अपने अधीन सड़कों की गुणवत्ता, रख-रखाव और सुरक्षा उपायों पर विशेष ध्यान देने को कहा गया।
समन्वय से कार्य करने के निर्देश
कलेक्टर ने जिला स्तरीय समिति गठित कर ब्लैक स्पॉट का संयुक्त निरीक्षण कर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए और कहा कि सड़क सुरक्षा के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय से कार्य करें। बैठक में पुलिस अधीक्षक श्री सिद्धार्थ तिवारी, वनमंडलाधिकारी कटघोरा श्री कुमार निशांत, एसडीएम कटघोरा श्री तन्मय खन्ना, डीएफओ कोरबा श्रीमती प्रेमलता यादव, सीईओ जिला पंचायत श्री दिनेश नाग, अपर कलेक्टर श्री देवेंद्र पटेल, परिवहन अधिकारी श्री विवेक सिन्हा सहित सभी एसडीएम एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। कलेक्टर ने अंत में कहा कि ट्रैफिक नियमों का कड़ाई से पालन और सतर्क प्रशासन ही सड़क दुर्घटनाओं में कमी ला सकता है, इसके लिए सभी अधिकारियों को जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा।
















