छत्तीसगढ़/कोरबा :- रामपुर विधायक व पूर्व गृहमंत्री ननकीराम कंवर के करीबी माने जाने वाले भाजपा के वरिष्ठ नेता विधायक प्रतिनिधि अनिल चौरसिया ने फूल सिंह के द्वारा दिए गए बयान पर प्रहार करते हुए कहा कि फूल सिंह राठिया एक दल बदलू किस्म के नेता हैं वे टिकट पाने के लोभ मे किसकी चाटुकारिता कर रहे हैं वह जनता जान रही है। ननकीराम कंवर जी जैसे स्वच्छ छवि रखने वाले नेता के विरुध मनगढ़ंत आरोप लगाना उचित नहीं है। यह जिस संगठन के जिला के संयोजक अपने आप को बता रहे हैं उस संगठन का जिले में कहीं नामोनिशान नहीं है फूल सिंह राठिया के गृह ग्राम केरवाद्वारी मे जो विकास हुआ है वो किसके अनुशंसा मे हुई है उन्हें पहले पता लगा लेना चाहिए । ननकीराम कंवर का रामपुर विधानसभा के ऐसे कोई ग्राम नहीं छुटा है जहां उनका विकास कार्य ना हुआ हो। करतला में कॉलेज की स्थापना किनकी देन है कोरबा में इंजीनियरिंग कॉलेज की स्थापना किसने करवाया, मेडिकल कॉलेज के लिए लगातार केंद्र की सरकार को पत्राचार कर रामपुर विधानसभा में खोलने के लिए प्रस्ताव किसने दिया राष्ट्रीय राजमार्ग में फंसे गोस्वामी को मुआवजा दिलाने की बात और सड़क को जल्द निर्माण कार्य कराने हेतु केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी को किसने पत्र के माध्यम से व्यक्तिगत रूप से अवगत कराया पहले उन्हें जान लेना चाहिए । फूल सिंह राठिया पूर्व में जिला पंचायत के सदस्य भी रहे, उनकी बहू वर्तमान में जिला पंचायत सदस्य है लेकिन उन्होंने एक भी कार्य अपने निर्वाचन क्षेत्र में नहीं कराया वह जगजाहिर है केवल दलबदलू नेता के रूप में इनकी पहचान पूरी कोरबा जिला मे है । फुल सिंह राठिया से हमारा संबंध खराब नहीं है लेकिन किसी की परिवारिक जीवन में दखल अंदाजी करना उचित नहीं है । कोयला तस्करी मे मुख्यता किस नेता का संरक्षण है वह पूरा प्रदेश जान रहा है। रेत माफिया ,कोल माफिया, कबाड़ माफिया यहां तक डीजल माफिया को किसकी संरक्षण प्राप्त है वह जगजाहिर है अंशु पलेरिया के व्यवसाय से ननकीराम कंवर जी का कोई लेना देना नहीं वह क्या काम करते हैं इस बात की जानकारी भी ननकीराम को नहीं है यदि उसके बारे में फूल सिंह राठिया को ज्यादा ही जानकारी हैं तो वे जिस नेता के कहने पर इस तरह का बयान बाजी कर रहे हैं वे अपने आका से बोल कर कार्यवाही कराने में क्या वे सक्षम नहीं है। मैं जानना चाहता हूं कोरबा जिले में जगह जगह विगत 4 सालों से राखड़ फेंका जा रहा है वह किसकी सरकार में फेंकी जा रही है वह भी जनता जान रही है पूरा जिला प्रदूषित हो रखा है। फुल सिंह राठिया जी को सच्चाई पर पर्दा नहीं डालना चाहिए और चाटुकारिता करने की राजनीति से दूर होना चाहिए अपनी गंदी दलबदलू राजनीति करने की कार्यशैली छोड़नी चाहिए वे कभी कांग्रेस के नेता बनते नजर आते हैं तो कभी भाजपा से तो कभी जनता कांग्रेस से इस तरह से सभी पार्टी ने अपनी पार्टी में उनको सदस्यता नहीं दी है यही इनकी असली पहचान है ।


















